रायपुर: श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्यभर में शराब और मांस की बिक्री पर रोक लगाने का फैसला किया है। सरकार और आबकारी विभाग की ओर से जारी आदेश के अनुसार, जन्माष्टमी के दिन प्रदेश की सभी देशी और विदेशी शराब दुकानें बंद रहेंगी।
यह प्रतिबंध केवल शराब की दुकानों तक सीमित नहीं रहेगा। बार, क्लब, होटल और रेस्टोरेंट में भी शराब की बिक्री और ग्राहकों को शराब परोसने की अनुमति नहीं होगी। इसके अलावा धार्मिक पर्व को देखते हुए नगरीय निकायों के अंतर्गत आने वाले बूचड़खानों और मांस की दुकानों को भी बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं।
शराब की बिक्री और परोसने पर पूरी तरह रोक
प्रशासन के निर्देश के मुताबिक जन्माष्टमी के दिन राज्य की सभी लाइसेंसी शराब दुकानें पूरे दिन बंद रहेंगी। इस दौरान शराब की खरीद-बिक्री के साथ उसके वितरण और अन्य संबंधित गतिविधियों पर भी प्रतिबंध रहेगा।
होटल, बार, क्लब और रेस्टोरेंट जैसे ऐसे प्रतिष्ठान जहां सामान्य दिनों में शराब परोसी जाती है, वहां भी इस दिन शराब बिक्री या परोसने की अनुमति नहीं होगी। प्रशासन ने सभी लाइसेंसधारियों को आदेश का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
बूचड़खाने और मांस की दुकानें भी रहेंगी बंद
जन्माष्टमी के मद्देनजर राज्य के नगरीय क्षेत्रों में संचालित बूचड़खानों और मांस की दुकानों को भी बंद रखने का फैसला किया गया है। इसके तहत नगर निगम, नगरपालिका और नगर पंचायत क्षेत्रों में संबंधित प्रतिष्ठानों पर यह प्रतिबंध लागू रहेगा।
स्थानीय निकायों को अपने-अपने क्षेत्रों में आदेश का पालन कराने की जिम्मेदारी दी गई है। अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं कि प्रतिबंधित अवधि के दौरान मांस की बिक्री या पशु वध जैसी गतिविधियां न हों।
उल्लंघन करने वालों पर होगी कार्रवाई
प्रशासन ने शराब विक्रेताओं, होटल-बार संचालकों और मांस कारोबार से जुड़े व्यवसायियों से सरकारी निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
प्रतिबंध के दौरान आबकारी विभाग और प्रशासन की टीमें निगरानी रखेंगी। यदि कोई व्यक्ति या प्रतिष्ठान आदेश का उल्लंघन करता पाया जाता है, तो उसके खिलाफ संबंधित नियमों के तहत कानूनी और दंडात्मक कार्रवाई की जा सकती है।
यह विशेष प्रतिबंध जन्माष्टमी के दिन पूरे दिन प्रभावी रहेगा। प्रतिबंध की अवधि समाप्त होने के बाद संबंधित व्यावसायिक गतिविधियां सामान्य व्यवस्था के तहत फिर से संचालित की जा सकेंगी।