प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के वडोदरा में आयोजित कार्यक्रम में देश के बुनियादी ढांचे और परिवहन व्यवस्था में हो रहे बदलावों का जिक्र करते हुए विपक्ष पर तीखा तंज कसा। उन्होंने मुंबई के जेएनपीटी से वडोदरा तक चली डबल-स्टैक कंटेनर मालगाड़ी का उदाहरण देते हुए कहा कि एक ट्रेन के जरिए 250 से अधिक ट्रकों के बराबर माल एक साथ पहुंचाया जा सकता है। पीएम ने कहा कि देश के विभिन्न हिस्सों को आधुनिक रेल नेटवर्क से जोड़ा जा रहा है, जिससे माल ढुलाई पहले की तुलना में तेज और सुगम हुई है।
‘नाराज फूफा’ कहकर विरोध करने वालों पर निशाना
विकास परियोजनाओं पर सवाल उठाने वालों पर निशाना साधते हुए पीएम मोदी ने ‘नाराज फूफा’ वाली टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि कुछ लोगों की आदत हर नई पहल का विरोध करने की होती है और वे हर काम पर सवाल उठाते हुए पूछते हैं कि ‘इसकी क्या जरूरत थी?’
प्रधानमंत्री ने कहा कि देशहित में जरूरी फैसलों और विकास कार्यों को आगे बढ़ने से कोई रोक नहीं सकता। इससे पहले नई दिल्ली के श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (SRCC) के कार्यक्रम में भी पीएम मोदी ने इसी तरह की शब्दावली का इस्तेमाल किया था।
‘झूठ की गूंज’ से विपक्ष पर पलटवार
प्रधानमंत्री ने बिना किसी का नाम लिए विपक्ष के ‘छात्रों की गूंज’ अभियान पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि ‘झूठ की गूंज’ फैलाने वाले लोग हर चौराहे पर मिल जाएंगे, लेकिन देश का युवा सच्चाई के रास्ते पर आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि आज का युवा यह देख रहा है कि सरकार सौर, पवन, जल और परमाणु ऊर्जा सहित ऊर्जा के अलग-अलग आधुनिक क्षेत्रों पर किस तरह काम कर रही है। पीएम के मुताबिक, देश में विकास की रफ्तार को व्यापक बुनियादी ढांचे और आधुनिक तकनीक से मजबूती दी जा रही है।
डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर को बताया ‘जीवनरेखा’
पीएम मोदी ने डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर को ‘विकसित भारत की जीवनरेखा’ बताते हुए कहा कि इसने देश के माल परिवहन की तस्वीर बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
उन्होंने कहा कि पहले यात्री ट्रेन और मालगाड़ियां एक ही रेल नेटवर्क का इस्तेमाल करती थीं, जिससे दोनों की गति और संचालन प्रभावित होता था। अलग फ्रेट कॉरिडोर बनने से मालगाड़ियों को अधिक तेज गति से चलाने में मदद मिल रही है और सामान की आवाजाही अधिक तेज, व्यवस्थित और किफायती हुई है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि आधुनिक रेल और लॉजिस्टिक्स नेटवर्क देश की अर्थव्यवस्था को गति देने के साथ-साथ विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।